राजसà¥à¤¥à¤¾à¤¨ के मारवाड़ राजà¥à¤¯ में आलणियावास गà¥à¤°à¤¾à¤® के ठाकà¥à¤° विजयसिंह की धरà¥à¤®à¤ªà¤¤à¥à¤¨à¥€ बजरंग दे कछवाही बड़ी वीर राजपूत महिला थी। यह उस समय की बात है जब दिलà¥à¤²à¥€ पर मà¥à¤—ल बादशाह औरंगजेब राजà¥à¤¯ कर रहा था । जोधपà¥à¤° के महाराजा जसवनà¥à¤¤à¤¸à¤¿à¤‚ह पà¥à¤°à¤¥à¤® की मृतà¥à¤¯à¥ के पशà¥à¤šà¤¾à¤¤à¥ मारवाड़ पर मà¥à¤—ल पà¥à¤°à¤¾à¤§à¤¿à¤ªà¤¤à¥à¤¯ सà¥à¤¥à¤¾à¤ªà¤¿à¤¤ हो गया था । दà¥à¤°à¥à¤—ादास राठौड़ महाराजा जसवनà¥à¤¤à¤¸à¤¿à¤‚ह पà¥à¤°à¤¥à¤® के नाबालिग पà¥à¤¤à¥à¤° अजीतसिंह की रकà¥à¤·à¤¾ और मारवाड़ राजà¥à¤¯ की सà¥à¤µà¤¤à¤¨à¥à¤¤à¥à¤°à¤¤à¤¾ के कारà¥à¤¯ में जà¥à¤Ÿà¤¾ हà¥à¤† था ।
वीरांगना बजरंग दे कछवाही उस यà¥à¤— में à¤à¥€ मà¥à¤—ल पà¥à¤°à¤¾à¤¤à¤‚क से नहीं घबरायी और अपने पति ठाकà¥à¤° विजयसिंह की मृतà¥à¤¯à¥ के पशà¥à¤šà¤¾à¤¤à¥ ठिकाने का सारा à¤à¤¾à¤° अपने कंधों पर ले लिया । बजरंग दे मरà¥à¤¦à¤¾à¤¨à¥€ पोशाक धारण कर ठिकाने का सारा काम सà¥à¤µà¤¯à¤‚ देखती थी । घोड़े पर सवारी करना और शसà¥à¤¤à¥à¤° चलाने में à¤à¥€ वह पà¥à¤°à¤µà¥€à¤£ थी । आलणियावास ठिकाने की बड़ी सतरà¥à¤•ता से चौकसी और राज-काज समà¥à¤¬à¤¨à¥à¤§à¥€ सारे कारà¥à¤¯ कà¥à¤¶à¤²à¤¤à¤¾ से संचालित कर अपनी योगà¥à¤¯à¤¤à¤¾ की धाक जमा चà¥à¤•ी थी ।
बजरंग दे बहà¥à¤¤ ही सà¥à¤µà¤¾à¤à¤¿à¤®à¤¾à¤¨à¥€ राजपूत नारी थी । उसने अपने पति की मृतà¥à¤¯à¥ के पशà¥à¤šà¤¾à¤¤à¥ आलणियावास ठिकाने की रेख (à¤à¤• पà¥à¤°à¤•ार का टेकà¥à¤¸, कर) चाकरी à¤à¤°à¤¨à¤¾ बनà¥à¤¦ कर दिया । अजीतसिंह जब मार- वाड़ का शासक बना उस समय à¤à¥€ दà¥à¤°à¥à¤—ादास राठौड़ उसके राजà¥à¤¯ को सà¥à¤¥à¤¾à¤¯à¤¿à¤¤à¥à¤µ पà¥à¤°à¤¦à¤¾à¤¨ करने में पूरà¥à¤£ निषà¥à¤ ा के साथ लगा हà¥à¤† था । सà¥à¤µà¤¾à¤®à¥€à¤à¤•à¥à¤¤ दà¥à¤°à¥à¤—ादास ने राजà¥à¤¯ की आमदनी में वृदà¥à¤§à¤¿ हेतॠपà¥à¤°à¤¾à¤²à¤£à¤¿à¤¯à¤¾- वास ठिकाने की बनà¥à¤¦ रेख को फिर से पà¥à¤°à¤¾à¤°à¤®à¥à¤ कराने का पà¥à¤°à¤¯à¤¾à¤¸ किया । इस समà¥à¤¬à¤¨à¥à¤§ में बजरंग दे को लिखा गया पर उसने रेख à¤à¤°à¤¨à¥‡ से साफ इनà¥à¤•ार कर दिया । दà¥à¤°à¥à¤—ादास ने उसे à¤à¤¯à¤¾à¤•à¥à¤°à¤¾à¤¨à¥à¤¤ करने हेतॠसैनà¥à¤¯à¤¶à¤•à¥à¤¤à¤¿ का उपयोग किया पर बजरंग दे कब पीछे हटने वाली थी । रीयां की नदी में दà¥à¤°à¥à¤—ादास की सेना से मà¥à¤•ाबला करने वह यà¥à¤¦à¥à¤§ के मैदान में कूद पड़ी । उसके शौरà¥à¤¯ और कà¥à¤¶à¤² सैनà¥à¤¯ संचालन के कारण दà¥à¤°à¥à¤—ादास जैसे वीर को à¤à¥€ पीछे हटना पड़ा “दोय कोस दोरी दà¥à¤°à¤—ेस” । ठकà¥à¤°à¤¾à¤¨à¥€à¤¸à¤¾ बजरंग दे की विजय हà¥à¤ˆ ।
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अजबदे सà¥à¤µà¤¤à¤¨à¥à¤¤à¥à¤°à¤¤à¤¾ पà¥à¤°à¥‡à¤®à¥€, सà¥à¤µà¤¾à¤à¤¿à¤®à¤¾à¤¨à¥€ वीरवर महाराणा पà¥à¤°à¤¤à¤¾à¤ª की रानी थी। ततà¥à¤•ालीन अनà¥à¤¯ रियासतों के राजा…
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आज रविवार दिनांक २१ जà¥à¤²à¤¾à¤ˆ २०२४ को जयपà¥à¤° की कà¥à¤·à¤¤à¥à¤°à¤¾à¤£à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ ने à¤à¤• à¤à¤¤à¤¿à¤¹à¤¾à¤¸à¤¿à¤• आयोजन किया।…
महाराणा पà¥à¤°à¤¤à¤¾à¤ª का जीवन चकà¥à¤° अनेक पà¥à¤°à¤•ार की कठिनाइयों से शà¥à¤°à¥‚ होकर कठिनाइयों पर ही…
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