इजराइल और गाज़ा में चल रहा यà¥à¤¦à¥à¤§ अà¤à¥€ थमने का नाम नहीं ले रहा है। दà¥à¤¨à¤¿à¤¯à¤¾ में अà¤à¥€ सबसे चरà¥à¤šà¤¿à¤¤ मà¥à¤¦à¥à¤¦à¤¾ यही यà¥à¤¦à¥à¤§ है। साथ ही लोगो के मन में इस यà¥à¤¦à¥à¤§ को लेकर काफी जिजà¥à¤žà¤¾à¤¸à¤¾à¤à¤‚ à¤à¥€ है, जैसे की इस यà¥à¤¦à¥à¤§ को शà¥à¤°à¥‚ होने में अधिकतर लोगो को यही लगता है कि जिस पà¥à¤°à¤•ार à¤à¤¾à¤°à¤¤ में पिछले छह – सात दशकों से जिस पà¥à¤°à¤•ार इसà¥à¤²à¤¾à¤®à¤¿à¤• आतंकियों के पà¥à¤°à¤¹à¤¾à¤° होते रहे है वैसे ही इजराइल ने à¤à¥€ हमास जैसे इसà¥à¤²à¤¾à¤®à¤¿à¤• आतंकी संगठन के हमले के जवाब में ये यà¥à¤¦à¥à¤§ छेड़ा है। लेकिन बहà¥à¤¤ काम लोग ही जानते है कि आखिर इस यà¥à¤¦à¥à¤§ के पीछे की असली वजह कà¥à¤¯à¤¾ है।
इस यà¥à¤¦à¥à¤§ का कारण सिरà¥à¤« à¤à¤• मà¥à¤²à¥à¤• à¤à¤• देश की जमींन पर कबà¥à¥›à¤¾ करना नहीं बलà¥à¤•ि इसके पीछे है à¤à¤• धारà¥à¤®à¤¿à¤• à¤à¤• जातीय मà¥à¤¦à¥à¤¦à¤¾à¥¤ जी हाà¤, जिस पà¥à¤°à¤•ार à¤à¤¾à¤°à¤¤ पाकिसà¥à¤¤à¤¾à¤¨ के सà¤à¥€ मसलों का à¤à¤• ही कारण है हिनà¥à¤¦à¥‚ – मà¥à¤¸à¥à¤²à¤¿à¤® धरà¥à¤® के बीच अपने हक़ की लड़ाई वैसे ही इजराइल और फलीसà¥à¤¤à¥€à¤¨ के बीच à¤à¥€ अपने हक़ का टकराव है। इन सबको जानने के लिठहमे सबसे पहले फलीसà¥à¤¤à¥€à¤¨à¥€ मà¥à¤¸à¥à¤²à¤¿à¤® और इजराइली यहूदी कौम को समà¤à¤¨à¤¾ जरà¥à¤°à¥€ है। हालाà¤à¤•ि इजराइल में सिरà¥à¤« मà¥à¤¸à¥à¤²à¤¿à¤®, यहूदी ही नहीं बलà¥à¤•ि ईसाई धरà¥à¤® के लोगों का à¤à¥€ अपना मà¥à¤¦à¥à¤¦à¤¾ है अपने हक़ अपने धरà¥à¤® से जà¥à¤¡à¥€ पà¥à¤°à¤¾à¤šà¥€à¤¨ जमीं का। लेकिन ईसाई और यहूदी दोनों धरà¥à¤®à¥‹ को वहाठसे हटाने की मà¥à¤¸à¥à¤²à¤¿à¤® धरà¥à¤® की कवायद हजारों सालों से चलती आ रही है। आज का मà¥à¤¦à¥à¤¦à¤¾ सिरà¥à¤« मà¥à¤¸à¥à¤²à¤¿à¤® और यहूदी धरà¥à¤® से जà¥à¥œà¤¾ है।
इन सब बातों को समà¤à¤¨à¥‡ के लिठपहले हमे वहाठके इतिहास को समà¤à¤¨à¤¾ होगा, यहूदी, मà¥à¤¸à¥à¤²à¤¿à¤® और ईसाई धरà¥à¤® के इजराइल पर अपने अधिकारों को समà¤à¤¨à¤¾ होगा।
आज से 4000 हजार साल पहले दà¥à¤¨à¤¿à¤¯à¤¾ के सबसे पà¥à¤°à¤¾à¤¨à¥‡ धरà¥à¤®à¥‹à¤‚ में जाने जाने वाले यहूदी धरà¥à¤® की शà¥à¤°à¥à¤†à¤¤ इजराइल की धरती पर येरà¥à¤¶à¤²à¤® से हà¥à¤ˆà¥¤ इस धरà¥à¤® की शà¥à¤°à¥à¤†à¤¤ पैगमà¥à¤¬à¤° अबà¥à¤°à¤¾à¤¹à¤® ने की थी। उनके तीन बेटे थे à¤à¤• का नाम आइजैक और दूसरे बेटे का नाम याकूब (जैकब) था जिसे इसà¥à¤°à¤¾à¤‡à¤² के नाम से à¤à¥€ जाना जाता है कहा जाता है की इसी के नाम पर इनके राजà¥à¤¯ (देश) का नाम इजराइल रखा गया। पैगमà¥à¤¬à¤° अबà¥à¤°à¤¾à¤¹à¤® के तीसरे बेटे का नाम यहूदा था जिसके नाम पर इनके वंशजों के धरà¥à¤® को यहूदी धरà¥à¤® के नाम से जाना गया। यहूदियों की à¤à¤¾à¤·à¤¾ हिबà¥à¤°à¥‚ थी और धरà¥à¤® गà¥à¤°à¤¨à¥à¤¥ तनख़ है।
शà¥à¤°à¥à¤†à¤¤ में यहूदी लोगो के रहने की जगह येरà¥à¤¶à¤²à¤® और यà¥à¤¦à¤¾ नामक इलाकों में थी। लेकिन यहूदियों को अपना देश छोड़ना पड़ा जिसका कारण था à¥à¥¦à¥¦ ईसा पूरà¥à¤µ (आज से २à¥à¥¨à¥© वरà¥à¤· पहले) असीरियाई सामà¥à¤°à¤¾à¤œà¥à¤¯ का हमला। इस हमले में यहूदियों के १० कबीले अपने आप को येरà¥à¤¶à¤²à¤® में काबिज नहीं रख पाठऔर ये कबीले तीतर बितर हो गये। इसके बाद फिर से à¥à¥¨ ईसा पूरà¥à¤µ (२०९५ वरà¥à¤· पूरà¥à¤µ ) फिर से उनà¥à¤¹à¥‡à¤‚ हमले का सामना करना पड़ा लेकिन इस बार हमला करने वाला था रोमन सामà¥à¤°à¤¾à¤œà¥à¤¯à¥¤ ये हमला इतना खतरनाक था कि यहूदियों को येरà¥à¤¶à¤²à¤® छोड़ना पड़ गया और दà¥à¤¨à¤¿à¤¯à¤¾ में जिस देश में जगह मिली वहाठउनà¥à¤¹à¥‡à¤‚ शरणारà¥à¤¥à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ की तरह à¤à¤¾à¤—कर जाना पड़ा। रोमन सामà¥à¤°à¤¾à¤œà¥à¤¯ के इस हमले को “à¤à¤•à¥à¤œà¥‹à¤¡à¤¸” के नाम से जाना जाता है। इस हमले में यहूदियों के सेकंड मंदिर को तोड़ दिया गया जिसका निरà¥à¤®à¤¾à¤£ पहले मंदिर के टूटने के बाद किया गया था। लेकिन इस हमले के बाद इस मंदिर की à¤à¤• दीवार शेष बची जहाठआज à¤à¥€ येरà¥à¤¶à¤²à¤® में यहूदी पà¥à¤°à¤¾à¤°à¥à¤¥à¤¨à¤¾ करने के लिठआते है। इसे “वेसà¥à¤Ÿà¤°à¥à¤¨ वॉल” के नाम से जाना जाता है और ये दीवार यहूदियों के लिठपवितà¥à¤° मानी जाती है।
à¤à¤•à¥à¤œà¥‹à¤¡à¤¸ हमले के बाद रोमनà¥à¤¸ ने यहूदियों को बदनाम करने के लिठदà¥à¤¨à¤¿à¤¯à¤¾ à¤à¤° में माहौल पैदा किया जिससे यहूदी धरà¥à¤® के लोगो के पà¥à¤°à¤¤à¤¿ दà¥à¤¨à¤¿à¤¯à¤¾à¤à¤° के लोगों में नफरत फ़ैल गई। जिसे “à¤à¤‚टी-सेमिटिज़म” के नाम से जाना जाता है। जिसका मतलब होता है कि जो à¤à¥€ लोग हिबà¥à¤°à¥‚ à¤à¤¾à¤·à¤¾ बोलने वाले थे उनके पà¥à¤°à¤¤à¤¿ दà¥à¤¨à¤¿à¤¯à¤¾à¤à¤° में लोगो में नफरत फ़ैल गई और यहूदियों को सबसे शातिर और चालाक लोगो के रूप में पà¥à¤°à¤šà¤¾à¤°à¤¿à¤¤ किया गया। यह कहा गया कि यहूदी किसी के साथ à¤à¥€ अचà¥à¤›à¤¾ नहीं करते। इसके चलते लोग उनà¥à¤¹à¥‡à¤‚ अपमानित करने लगे उन पर तरह तरह के जà¥à¤²à¥à¤® किये जाने लगे। येरà¥à¤¶à¤²à¤® से जाने वाले अधिकतर यहूदी लोग यूरोप और अमेरिका में जाकर बसे थे। इन देशों में यहूदी लोगो के रहने पर तरह तरह की शरà¥à¤¤à¥‡ व नियम लागॠकर दिठगठउनà¥à¤¹à¥‡à¤‚ अपनी पहचान बताना जरà¥à¤°à¥€ कर दिया गया जिससे उनके बारे में सà¤à¥€ को पता हो सके। कई यूरोपीय देशों में सेनाओं में à¤à¤°à¥à¤¤à¥€ होने वाले यहूदियों को अपनी वरà¥à¤¦à¥€ पर à¤à¤• अलग तरह का सà¥à¤Ÿà¤¾à¤° लगाना जरà¥à¤°à¥€ था जिससे उनकी पहचान हो सके। इस सà¥à¤Ÿà¤¾à¤° को “डेविड सà¥à¤Ÿà¤¾à¤°” कहा जाता था। यदि कोई यहूदी अपनी पहचान को छà¥à¤ªà¤¾à¤¤à¤¾ था तो उसे सजा देने का à¤à¥€ पà¥à¤°à¤¾à¤µà¤§à¤¾à¤¨ था।
लगातार जà¥à¤²à¥à¤® और अपमान सह रहे यहूदियों में धीरे धीरे अपने अलग देश की मांग उठने लगी। तब तक यहूदी लोगों में से कà¥à¤› लोग अपनी मेहनत और लगन के दम पर अमेरिका और यूरोपीय देशों में अपनी पहचान बनाने में कामयाब हो गठथे और उनà¥à¤¹à¥‹à¤‚ने अपने वà¥à¤¯à¤¾à¤ªà¤¾à¤° को ऊंचाई पर पहà¥à¤‚चा दिया था। उनके पास पैसा आ गया था। इसलिठयहूदी लोगों ने मिलकर १८९ॠमें सà¥à¤µà¤¿à¤Ÿà¥à¥›à¤°à¤²à¥ˆà¤‚ड में “वरà¥à¤²à¥à¤¡ जायनिसà¥à¤Ÿ कांगà¥à¤°à¥‡à¤¸” नामक संसà¥à¤¥à¤¾ का गठन किया। हिबà¥à¤°à¥‚ à¤à¤¾à¤·à¤¾ में जायनिसà¥à¤Ÿ का मतलब होता है सà¥à¤µà¤°à¥à¤—। इस संसà¥à¤¥à¤¾ को दà¥à¤¨à¤¿à¤¯à¤¾à¤à¤° के यहूदियों ने चंदा देना शà¥à¤°à¥‚ किया।
पà¥à¤°à¤¥à¤® विशà¥à¤µ यà¥à¤¦à¥à¤§ के दौरान २ नवमà¥à¤¬à¤° १९१ॠको बà¥à¤°à¤¿à¤Ÿà¥ˆà¤¨ और यहूदियों के मधà¥à¤¯ बालफोर समà¤à¥Œà¤¤à¤¾ हà¥à¤†à¥¤ इस समà¤à¥Œà¤¤à¥‡ के अनà¥à¤¸à¤¾à¤° यदि यहूदी बà¥à¤°à¤¿à¤Ÿà¥ˆà¤¨ को ऑटोमन सामà¥à¤°à¤¾à¤œà¥à¤¯ (टरà¥à¤•ी) जो कि १५१ॠसे फलीसà¥à¤¤à¥€à¤¨ पर आसीन था, को हारने में मदद करते है तो बà¥à¤°à¤¿à¤Ÿà¥ˆà¤¨ फलीसà¥à¤¤à¥€à¤¨ में यहूदियों के लिठअलग से सà¥à¤µà¤¤à¤‚तà¥à¤° देश बना देगा। इसके तहत बà¥à¤°à¤¿à¤Ÿà¥ˆà¤¨ के यहूदियों को वहाठबसाया जाना था। इस पà¥à¤°à¤•िया को “आलिया” नाम से जाना जाता है। इसमें यहूदियों को येरà¥à¤¶à¤²à¤® में बसाया गया था। १९१८ के समय ऑटोमन सामà¥à¤°à¤¾à¤œà¥à¤¯ (टरà¥à¤•ी) कमजोर पड़ गया और उन पर बà¥à¤°à¤¿à¤Ÿà¥ˆà¤¨ का कबà¥à¥›à¤¾ हो गया। १९२० में बà¥à¤°à¤¿à¤Ÿà¥ˆà¤¨ ने “लीग ऑफ़ नेशन” के दà¥à¤µà¤¾à¤°à¤¾ à¤à¤• पà¥à¤°à¤¸à¥à¤¤à¤¾à¤µ पारित किया जिसमे फलीसà¥à¤¤à¥€à¤¨ में यहूदियों की मातृà¤à¥‚मि बनाने की मांग थी। ये पà¥à¤°à¤¸à¥à¤¤à¤¾à¤µ १९२३ से लागू हो गया था। इसके तहत यहाठयहूदियों को लेकर बसाया जाने लगा।
दà¥à¤µà¤¿à¤¤à¥€à¤¯ विशà¥à¤µ यà¥à¤¦à¥à¤§ में हिटलर ने यूरोपियन देशों में रहने वाले यहूदियों पर अतà¥à¤¯à¤¾à¤šà¤¾à¤° किये। उसने ६० लाख यहूदियों कि हतà¥à¤¯à¤¾ करवा दी। जरà¥à¤®à¤¨à¥€ और आस पास के देशों में यहूदियों का नरसंहार किया गया। जिसके कारण यूरोपियन देशों से à¤à¥€ यहूदी येरà¥à¤¶à¤²à¤® पहà¥à¤‚च कर यहाठबसने लगे। दà¥à¤µà¤¿à¤¤à¥€à¤¯ विशà¥à¤µ यà¥à¤¦à¥à¤§ में सहे नरसंहार और अतà¥à¤¯à¤¾à¤šà¤¾à¤°à¥‹à¤‚ के कारण दà¥à¤¨à¤¿à¤¯à¤¾ की संवेदनाà¤à¤‚ यहूदी समाज के लिठजागने लगी। इसी के चलते १९४ॠमें संयà¥à¤•à¥à¤¤ राषà¥à¤Ÿà¥à¤° संघ ने यहूदियों की मांग को मानते हà¥à¤ उनके लिठà¤à¤• सà¥à¤µà¤¤à¤‚तà¥à¤° देश इजराइल बनाया।
१९४ॠने बà¥à¤°à¤¿à¤Ÿà¥‡à¤¨ ने à¤à¤• पà¥à¤°à¤¸à¥à¤¤à¤¾à¤µ पास किया जिसके तहत फलीसà¥à¤¤à¥€à¤¨ को दो टà¥à¤•ड़ों में बांटने की बात कही गई। जिसमे à¤à¤• हिसà¥à¤¸à¤¾ फलीसà¥à¤¤à¥€à¤¨à¥€ अरब सà¥à¤Ÿà¥‡à¤Ÿ का तथा दूसरा हिसà¥à¤¸à¤¾ यहूदियों का यहूदी सà¥à¤Ÿà¥‡à¤Ÿ इजराइल होगा। साथ ही इसमें à¤à¤• शरà¥à¤¤ रखी गई की येरà¥à¤¶à¤²à¤® को सà¥à¤ªà¥‡à¤¶à¤² सà¥à¤Ÿà¥‡à¤Ÿà¤¸ देकर अनà¥à¤¤à¤°à¥à¤°à¤¾à¤·à¥à¤Ÿà¥à¤°à¥€à¤¯ टेरिटरी में रखा जायेगा। तथा इसकी निगरानी यूनाइटेड नेशंस करेगा कà¥à¤¯à¥‚ंकि येरà¥à¤¶à¤²à¤® में ईसाई, मà¥à¤¸à¥à¤²à¤¿à¤® और यहूदी तीनों के पवितà¥à¤° सà¥à¤¥à¤¾à¤¨ है। जो कि उनकी अपनी अपनी धारà¥à¤®à¤¿à¤• मानà¥à¤¯à¤¤à¤¾à¤“ं से जà¥à¥œà¥‡ है। इस पà¥à¤°à¤¸à¥à¤¤à¤¾à¤µ को इजराइल ने सà¥à¤µà¥€à¤•ार किया लेकिन कटà¥à¤Ÿà¤°à¤ªà¤‚थी फलीसà¥à¤¤à¥€à¤¨à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ ने इसे सà¥à¤µà¥€à¤•ार नहीं किया।
मई १९४८ में इजराइल सà¥à¤µà¤¤à¤‚तà¥à¤° राषà¥à¤Ÿà¥à¤° घोषित हà¥à¤† और बà¥à¤°à¤¿à¤Ÿà¥ˆà¤¨ वहाठसे चला गया। बà¥à¤°à¤¿à¤Ÿà¥ˆà¤¨ के जाते ही अरब देशों ने à¤à¤• जà¥à¤Ÿ होकर फिर से वहाठकबà¥à¥›à¤¾ करने की कोशिश की और जारà¥à¤¡à¤¨, इराक, सीरिया, लेबनॉन और मिशà¥à¤° ने मिलकर इजराइल पर हमला कर दिया। लेकिन तब तक इजराइल ने अपनी सेना बना ली थी और उसने सà¤à¥€ पाà¤à¤šà¥‹à¤‚ देशों को हरा दिया।
विवाद का धारà¥à¤®à¤¿à¤• कारण
येरà¥à¤¶à¤²à¤® का ३५ à¤à¤•ड़ का à¤à¤• जमीं का टà¥à¤•ड़ा इस पà¥à¤°à¥‡ विवाद का कारण है। जहाठईसाई, मà¥à¤¸à¥à¤²à¤¿à¤® और यहूदी तीनों के पवितà¥à¤° सà¥à¤¥à¤¾à¤¨ है और ये अपना अपना अधिकार जताते रहे है। येरà¥à¤¶à¤²à¤® शहर के मधà¥à¤¯ à¤à¤• पहाड़ी इलाके जिसे टेमà¥à¤ªà¤² माउनà¥à¤Ÿ कहा जाता है वह यहूदियों और मà¥à¤¸à¥à¤²à¤¿à¤® समà¥à¤¦à¤¾à¤¯ के दà¥à¤µà¤¾à¤°à¤¾ अपने पवितà¥à¤° सà¥à¤¥à¤² कहे जाते है। यही पर यहूदियों के पवितà¥à¤° मंदिर की बची हà¥à¤ˆ दिवार है जिसे वेसà¥à¤Ÿà¤°à¥à¤¨ वॉल कहा जाता है। तथा यही पर मà¥à¤¸à¥à¤²à¤¿à¤® समà¥à¤¦à¤¾à¤¯ का डॉम ऑफ़ रॉक तथा अल अकà¥à¤¸à¤¾ मसà¥à¤œà¤¿à¤¦ है जो मà¥à¤¸à¥à¤²à¤¿à¤® समà¥à¤¦à¤¾à¤¯ के लिठपवितà¥à¤° सà¥à¤¥à¤² है। मà¥à¤¸à¥à¤²à¤¿à¤®à¥à¤¸ का मानना है की उनके पैगमà¥à¤¬à¤° मोहमà¥à¤®à¤¦ मकà¥à¤•ा से येरà¥à¤¶à¤²à¤® आये और यहीं से जनà¥à¤¨à¤¤ गठथे। वही कà¥à¤› दà¥à¤°à¥€ पर ईसाईयों का पवितà¥à¤° सà¥à¤¥à¤² à¤à¥€ है जहाठईसा मसीह को कà¥à¤°à¥‰à¤¸ पर लटकाया गया था इसी वजह से यह सà¥à¤¥à¤¾à¤¨ ईसाईयों के लिठà¤à¥€ पवितà¥à¤° माना जाता है।
जबकि माना जाये तो यहाठसबसे पà¥à¤°à¤¾à¤¨à¤¾ धरà¥à¤® यहूदी ही है और उनके दà¥à¤µà¤¾à¤°à¤¾ अपने अधिकारों के लिठअपने ऊपर होने वाले मà¥à¤¸à¥à¤²à¤¿à¤® आतंकी संगठनों के हमलों का जवाब देना कहीं से à¤à¥€ गलत नहीं ठहराया जा सकता। दूसरे धरà¥à¤®à¥‹à¤‚ के लोगों के मातà¥à¤° वहां आने से उनका अधिकार कही से à¤à¥€ साबित नहीं होता है।
I am Gagan Singh Shekhawat, a renowned online marketer with extensive experience and expertise in internet marketing. Beyond my professional career, I have always carried a deep desire to unfold the majestic and mystical glory of India and share it with the world. From this vision, the foundation of ‘Our Society’ was born-an initiative that is truly my brainchild.
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